भाई साहब के सूक्ति-बाणों से मेरी तो जान जलती थी।
यह रिक्त स्थान मुंशी प्रेमचंद की कहानी "बड़े भाई साहब" से है। छोटे भाई को भाई साहब की नसीहतें और उपदेश (सूक्ति-बाण) बहुत कष्टदायक लगते थे, इसलिए वह कहता है कि उसकी 'जान जलती थी'। परीक्षा में सटीक शब्द लिखना आवश्यक है।